ऐतबार

ऐतबार है तुझ पर,
इसलिए, इंतज़ार है तेरा,
यू ही नहीं, इश्क मेरा,
बेकरार है तेरा।

तू कह ना सकी हां, मगर
ना भी ना कहा, खुलकर,
तेरी बातो में झलकता,
कुछ तो प्यार, है मेरा।

वही ठहरा, हूं मैं अब भी,
तूने मुझे था, जहां छोड़ा,
तू भी कहां चली, दो कदम भर,
पलट जरा, यहीं है चमन तेरा।।

देव

26/08/2020, 12:06 am

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