खुदाया, पूरी हो, हर तमन्ना तेरी।।

कुछ देर बात, वो एक मुलाकात,
लगता है, तू बहुत पुराना है यार।

तेरा जुदा है अंदाज़, है तू बिंदास,
चेहरे पर ये हंसी, मिली है कुछ खास।

तेरी आवाज़ का, छूकर यूं निकल जाना,
हर रोम का, मंत्र मुग्ध सा हो जाना।

दुआ है हर अरदास में मेरी,
खुदाया, पूरी हो, हर तमन्ना तेरी।।

देव

28/08/2020, 8:08 pm

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